May 20, 2010

हरियाली



हरियाली अब नजर नहीं आती
हर तरफ सिर्फ वीरानी ही वीरानी है
जंगल भी वीरान हो चले है
इंसानों के दिल भी अब वीरान हो गए है।

इसीलिये दोस्तो ग्लोबल वार्मिंग का कहर जारी है। जम्मू का तापमान ४५ डिग्री तक पाहूच गया है। मतलब अब थर्मामिटर का पारा हिमालय की गोद तक पहूचं गया है। लेकिन हम है के सुधारने का नाम ही नही लेते. ना बिजली की बचत, ना ही पानी की बचत, ना जंगल से प्रेम ना ही धरती माता से प्यार! क्या हो गया है इस इंसान को?
खैर इस झुलसती गर्मी में कम से कम आँखों को हरियाली या बर्फ नजर आ जाए तो शरीर में ठंडक फैल जाती है. डूबते को तिनके का सहारा यु ही नहीं कहा है किसी ने। तो आइये इन ठंडक भरी तस्वीरों का निरिक्षण करे और सिहरन महसूस करे। घबराए नहीं इसमें कोई मिलावट नहीं है।



2 comments:

स्वाति said...

bilkul satik likha hai aapne , sabhi ko sochna hoga aur kargar upay karne hoge..

Ravindra Ravi said...

इसी बात का तो दुःख है स्वातिजी कोई सोचता ही नहीं. आप पहली बार मेरे ब्लॉग पर आई है आपका बहुत बहुत शुक्रिया. आगे भी पधारियेगा.